शंकर शाह मरावी और रघुनाथ शाह मरावी : गोंडवाना के बलिदानी वीर

भारत का स्वतंत्रता संग्राम केवल 1857 की लड़ाई या बाद के राष्ट्रीय आंदोलनों तक सीमित नहीं था। इसकी जड़ें बहुत गहरी थीं, जिनमें आदिवासी और स्थानीय शासक अपने-अपने ढंग से अंग्रेजी सत्ता का विरोध कर रहे थे। इन भूले-बिसरे नायकों में शंकर शाह मरावी और उनके पुत्र रघुनाथ शाह मरावी का नाम अत्यंत महत्वपूर्ण है।…

Read More

Ministry of Tribal Affairs Launches Digital Learning Platform “Adi Sanskriti”

First-of-its-kind initiative to preserve, promote, and empower tribal art and culture New Delhi, September 10, 2025 — The Ministry of Tribal Affairs has launched the beta version of “Adi Sanskriti”, a pioneering digital learning platform designed to preserve and promote India’s diverse tribal artforms. The launch took place at Bharat Mandapam, New Delhi, during the…

Read More

करम पर्व : आदिवासी जीवन का पर्यावरण और सामूहिकता का उत्सव

करम पर्व भारत के मध्य और पूर्वी राज्यों—झारखंड, छत्तीसगढ़, ओडिशा, बिहार, मध्य प्रदेश तथा पश्चिम बंगाल के आदिवासी समुदायों का प्रमुख त्योहार है। यह पर्व हर वर्ष भादो मास (अगस्त-सितंबर) में मनाया जाता है। यह केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि प्रकृति, खेती, भाई-बहन के रिश्ते और सामूहिक जीवन का उत्सव है। करम पर्व की कथा…

Read More

आदिवासी समाज और चर्च की बढ़ती पकड़: आस्था या पहचान का संकट?

*”भारत के आदिवासी समुदाय सिर्फ इंसान नहीं, बल्कि प्रकृति के सच्चे संरक्षक माने जाते हैं। झारखंड और छत्तीसगढ़ की धरती पर सरना धर्म ‘जाहेरथान’ और ‘मरांग बुरू’ की पूजा से जीवन को दिशा देता है। अरुणाचल की पहाड़ियों में डोनी-पोलो – यानी सूरज और चाँद – लोगों के जीवन का प्रकाश और समय का चक्र…

Read More

आंध्र प्रदेश में आदिवासी बच्चों का कुपोषण संकट: एक गंभीर मानवीय चुनौती

🔴 60 हज़ार से अधिक आदिवासी बच्चे कुपोषण का शिकार आंध्र प्रदेश की आदिवासी आबादी लंबे समय से उपेक्षा और विकास की मुख्यधारा से कटे होने का दंश झेल रही है। अब इस स्थिति की सबसे त्रासद तस्वीर सामने आई है – राज्य में 5 वर्ष से कम आयु के 60,000 से अधिक आदिवासी बच्चे…

Read More

83 percent of Tribal Professor Posts Vacant: Central Government

The Central Government has admitted in Parliament that there is a significant delay in filling reserved category posts in higher education. The situation is particularly alarming at the professor level, where appointments from the general category far exceed those from reserved categories. The gap is even wider for candidates from Other Backward Classes (OBC), Scheduled…

Read More

मलती मुर्मू: जब एक महिला ने पेड़ के नीचे स्कूल खड़ा कर दिया

By firstpeople.in “जहां सरकारें चुप थीं, वहां मलती मुर्मू ने chalk उठा लिया।” झारखंड और बंगाल के सीमांत पर बसे गांवों में कोई नया क्रांतिकारी आंदोलन नहीं हुआ। न ही कोई बड़ा राजनीतिक भाषण दिया गया। लेकिन एक महिला ने—अपने आंगन में, एक पेड़ के नीचे, अपने बच्चों और पड़ोस के बच्चों को बिठाकर—वह कर…

Read More

एत्वा उराँव (फादर जे. बखला) : आदिवासी शिक्षा और भाषा आंदोलन के अग्रदूत

जन्म: 12 अगस्त 1951देहांत: 9 जुलाई 2025 झारखंड की भूमि ने कई महान सपूतों को जन्म दिया है जिन्होंने न केवल अपने समुदाय के लिए बल्कि पूरे समाज के लिए प्रेरणा का कार्य किया है। इन्हीं में एक नाम है एत्वा उराँव, जिन्हें फादर जे. बखला (Fr. J. Baxla) के नाम से भी जाना जाता…

Read More

📽️ First Dharti Aaba Tribal Film Festival 2025 Announced in Ranchi— A New National Platform for Tribal Storytellers and Filmmakers

Ranchi, July 16, 2025:The Ministry of Tribal Affairs, Government of India, in collaboration with the Department of Scheduled Tribe, Scheduled Caste, Minority and Backward Class Welfare, Government of Jharkhand, has announced the 1st Dharti Aaba Tribal Film Festival (DATFF), 2025. The landmark event will be hosted at the prestigious Dr. Ramdayal Munda Tribal Welfare Research…

Read More
10 most Expensive cities in the World धरती आबा बिरसा मुंडा के कथन